A digital magazine on sexuality in the Global South

लेखकों से अनुरोध है कि रचनाओं की अर्हता हेतु अपनी रचनाएँ हमें भेजते समय निम्न दिशा-निर्देशों का ध्यान रखें।

सामान्य दिशा-निर्देश :

  • कृपया अपनी रचनाएँ blogeditor@tarshi.net पर भेजें, और ईमेल के विषय में ज़ीन की उस श्रेणी का नाम लिखें जिसमें आप अपनी रचना प्रकाशित करना चाहते हैं और अपना पूरा नाम लिखें। उदहारण के लिए यदि आप अपनी रचना ‘देख परख’ के अंतर्गत प्रकाशित करना चाहते हैं तो ईमेल का विषय होगा – ‘देख परख – (आपका पूरा नाम)’
  • अपनी रचनाएँ हमें वर्ड दस्तावेज़ (.doc या .docx) के स्वरुप में भेजें, रचना १२ पॉइंट मंगल फॉण्ट में लिखित हो और पंक्तियों के बीच एक पंक्ति का स्थान (सिंगल स्पेस) हो।
  • कृपया रचना के साथ रचयिता की जीवनी अवश्य भेजें, जो १०० शब्दों से अधिक ना हो।
  • इन प्लेनस्पीक के मंच पर हम मौलिक और अप्रकाशित रचनाओं को वरीयता देते हैं। यदि आपकी रचना कहीं और प्रकाशित होने के लिए चुन ली जाती है तो हमें तुरंत सूचित करें।
  • हालाँकि जो रचनाएँ इन प्लेनस्पीक पर प्रकाशित होती हैं उनकी एवज़ में हम कोई रकम नहीं अदा करते, पर हमें भरोसा है कि अपने कार्य को साझा करने के लिए यह एक उपयोगी मंच होगा।
  • तारशी में हमारा मानना है कि सभी व्यक्तियों को स्वीकार्य, सकारात्मक एवं आनंदमय यौनिकता का अधिकार है। अतः कोई भी प्रस्तुति जो आपत्तिजनक, संवेदनशील या हिंसात्मक हो या जाति, जेंडर,  धार्मिक संबद्धता,  यौनिक एवं जेंडर पहचान, विकलांगता या अन्य किसी आधार पर लोगों की भावनाओं को ठेस पहुँचाती हो,  उसे नामंज़ूर कर दिया जाएगा।
  • तारशी को किसी भी प्रस्तुति को चुनने का अधिकार है एवं यदि वे तारशी के मानकों को पूरा नहीं करतीं हैं तो तदनुसार उन्हें बदलने का अधिकार है। अपने पाठकों की सुविधा के लिए हम प्रस्तुत रचना को प्रासंगिक बनाने हेतु उसके साथ एक संपादकीय टिप्पणी जोड़ने का अधिकार भी रखते हैं।
  • रचनाओं के चयन एवं प्रकाशन की प्रक्रिया में ४ से ६ हफ्ते लग सकते हैं। चयन के पश्चात् भी तारशी की ओर से, रचना को प्रासंगिक बनाने के लिए या शब्दावली में बदलाव प्रस्तावित करने के लिए राय दी जा सकती है। इस प्रक्रिया के दौरान रचना बदलाव के लिए कई बार लेखक के पास वापस भेजी जा सकती है।
  • तारशी के ज़ीन इन प्लेनस्पीक पर प्रकाशित रचनाएँ तारशी के अधिकार में होंगी। यदि कोई रचयिता अपनी रचना पर अपना अधिकार बनाए रखना चाहते हैं तो उनसे अनुरोध है कि वे लिखित रूप में अपनी इच्छा तारशी के साथ साझा करें। तारशी इन प्लेनस्पीक पर प्रकाशित रचनाओं का प्रचार और/ या प्रकाशन अपने सोशल मीडिया पृष्ठों जैसे फेसबुक, ट्विटर एवं अन्य समरूप मंचों पर करने के लिए स्वतंत्र है।
  • यदि लेखक इन प्लेनस्पीक पर प्रकाशित अपनी रचना का पुनः प्रकाशन करना चाहते हैं, तो वे अनुमति के लिए blogeditor@tarshi.net पर ईमेल भेज सकते हैं। तारशी को श्रेय देते हुए यदि कोई लेखन इन प्लेनस्पीक पर प्रकाशित अपनी रचना को अपने निजी ब्लॉग और वेबसाइट पर साझा करना चाहें तो उनका स्वागत है।

इन प्लेनस्पीक की विभिन्न श्रेणियों या वर्गों की विस्तृत जानकारी निम्नलिखित है –

देख परख

इस वर्ग में मुख्यतः जेंडर एवं यौनिकता से जुड़ी किताबों की समीक्षा प्रकाशित की जाती है, ये किताबें हाल ही में छपी हो सकती हैं या कोई पुरानी किताब हो सकती है या कोई ऐसा साहित्य जिसे जेंडर एवं यौनिकता के क्षेत्र में उत्कृष्ट माना जाता हो। किताबों के साथ-साथ तारशी के ज़ीन में कविताओं, फिल्म (काल्पनिक और वृत्तचित्र), प्रदर्शनी, कार्यक्रम, आन्दोलन, आदि की समीक्षा भी प्रकाशित की जाती है। हमारी कोशिश होती है कि हम उभरते हुए लेखकों और प्रकाशन संस्थानों को बढ़ावा दें।

शब्द सीमा – १००० से १२०० शब्द

चर्चा का विषय

यह लेख मासिक अंग्रेज़ी संस्करण के लिए चुने गए विषय-वस्तु को केंद्र में रखकर लिखा जाता है। लेखक विषय-वस्तु को बारीकी से परख कर अपना दृष्टिकोण प्रस्तुत करते हैं। इस लेख में विषय-वस्तु से जुड़े किसी अभियान या आन्दोलन की चर्चा भी शामिल हो सकती है जिसमें आन्दोलन के इतिहास, विकास और संघठन से जुड़ी बातों पर प्रकाश डाला गया हो।

शब्द सीमा – १००० से १२०० शब्द

मेरा पन्ना

एक व्यक्तिगत विवरण या संस्मरण जो यह दर्शाता हो कि किस प्रकार जेंडर एवं यौनिकता और इससे जुड़े मुद्दे लेखक के जीवन पर प्रभाव डालते हैं और उसके प्रारूप को प्रभावित करते हैं, कभी सकारात्मक रूप में तो कभी नकारात्मक रूप में। इस श्रेणी के लेखों में लेखक अपनी रचना के ज़रिए पाठक को अपने जीवन की एक झलक दिखाते हैं और विभिन्न सांस्कृतिक और देशीय परिस्थितियों में यौनिकता से जुड़े विषयों का उस जीवन पर अंकन उजागर करते हैं।

शब्द सीमा – १००० से १२०० शब्द

बातों की झड़ी

कभी कभी रचयिता की लेखनी कुछ ऐसा लिख जाती है जिसे किसी वर्ग में वर्गीकृत कर पाना मुश्किल सा हो जाता है। यह वर्ग उन्हीं चुनी हुई उत्कृष्ट रचनाओं को समर्पित है जिसमें पाठकों के लिए कविताओं, काल्पनिक और गैर-काल्पनिक रचनाओं, संगीत, नज़रिए, मत-पक्षों के गुलदस्ते प्रस्तुत हैं।

शब्द सीमा – १२०० से १४०० शब्द

विजुअल्स

इस पन्ने पर रचयिता ने कला के विभिन्न साधनों की मदद से अपना पक्ष रखने की कोशिश की है। किसी ने विडियो के माध्यम से अपनी बात को सामने रखा है तो किसी ने कैमरे की नज़र से आशय समझाने का प्रयास किया है और किसी ने अपनी तुलिका की ज़ुबानी मत प्रकट किया है।
कैमरे की नज़र से

इस श्रेणी में विडियो बातचीत या साक्षात्कार, लघु चलचित्र, वृतचित्र, आदि का संग्रह है।

शब्द सीमा – विडियो के साथ १०० से १२० शब्दों का एक छोटा लेख अवश्य भेजें।

फॉर्मेट – विडियो फॉर्मेट में हो, आप यू ट्यूब पर अपना विडियो अपलोड करके हमें उसका लिंक भेज सकते हैं या यू ट्यूब के लिए संक्षिप्त किया हुआ विडियो हमें ईमेल कर सकते हैं।

कला और कलाकृतियाँ
इस पन्ने पर आपको कलात्मक प्रस्तुति, तसवीरें, कार्टून, आदि का प्रस्तुतीकरण मिलेगा।

शब्द सीमा – १०० से १२० शब्दों का एक छोटा प्रासंगिक लेख अवश्य भेजें।

फॉर्मेट – कला को .jpeg, pdf  और tiff फाइल के रूप में भेजें।

बातें औरों की ज़ुबानी

जैसा कि नाम से ही स्पष्ट है, इस वर्ग में हम अन्य प्रकाशनों की रचनाओं को साझा करते हैं। ये रचनायें ऊपर उल्लेखित किसी भी प्रारूप में हो सकती हैं जब तक ये यौनिकता एवं यौन और प्रजनन स्वास्थ्य एवं अधिकारों के किसी पहलु पर प्रकाश डालती हों।

अतिथि प्रस्तुति/प्रकाशन के लिए

हमें अनेक प्रस्तुतियों से जुड़े ईमेल लगातार मिलते रहते हैं, अतः हो सकता है हम आपकी प्रस्तुतियों का त्वरित प्रत्युत्तर ना दे सकें। हमारी कोशिश रहती है कि हम कम से कम ४ हफ्तों में जवाब दे दें पर कभी-कभी इस प्रक्रिया में ६ हफ्ते तक लग सकते हैं। इस प्रक्रिया में हमें रचनाओं को नामंज़ूर करने या उनमें बदलाव प्रस्तावित करने का पूरा अधिकार होगा।

क्या आप इन श्रेणियों के अंतर्गत अपनी रचनाएँ इस मंच पर साझा करना चाहते हैं? अपने विचार हमें blogeditor@tarshi.net पर भेजें। प्रस्तुति दिशा-निर्देशों पर एक नज़र ज़रूर डाल लीजियेगा।

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